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प्यारे बच्चो

यूँ ही प्यार जताना बच्चो  मेरे संग आ जाना बच्चो  हँस - हँस कर दिखलाना बच्चों  घूम फिरकर हंसी - ठिठोली  मुझसे तुम कर जाना बच्चो  नन्हे-नन्हे ...

सोमवार, 29 जून 2020

आम के मंजर

लगे पेड़ पर आम के मंजर 
पेड़ अभी से झूम रहे है 
आँखों में खुशिओं की आहट 
रहरहकर यों घूम रहे है
 छोटी - छोटी आम्बी को
कैसे चुनकर लाएंगे हम 
खट्टी-मीठी पकवानों से 
अपनी मेज सजायेंगे 

भरकर टोकड़ी आम की 
घर लेकर हम आएंगे 
मीठे - मीठे पके आम को 
चुनचुनकर हम खाएंगे 

कोयल की आवाज  गूंजती 
कानो में मिश्री रस घोले 
सुबह सबेरे सब उठ बैठे 
बच्चे - बूढ़े  और जवान 
आम - आम ये मीठे आम।   

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